जनवरी-2018

चर्चा मेंअयन प्रकाशन द्वारा प्रकाशित ‘लघुकथा अनवरत’     Posted: March 1, 2016

अयन प्रकाशन द्वारा प्रकाशित 256 पृष्ठों का लघुकथा-संकलन ‘लघुकथा अनवरत’ लघुकथा-साहित्य के इतिहास का नव दस्तावेज़ -सा है… अपने आप में अनुपम और अद्वितीय। लघुकथा विधा के दिग्गज द्वय श्री सुकेश साहनी एवं श्री रामेश्वर काम्बोज ”हिमांशु” के कुशल सम्पादन ने इसे अद्भुत श्री प्रदान की है और इनकी विनम्रता देखिये कि सारा श्रेय इन्होंने श्री भूपाल सूद जी को दिया है। नि:संदेह श्रेय है भूपाल जी को, क्योंकि योजना तो उनके मन-मस्तिष्क में ही प्रथमत: स्फुरित हुई थी !आभासी दुनिया के मुझ यानी कमल कपूर सहित 64 किताबी चेहरों को सचमुच की किताब में उतार कर उन्हें अक्षरत्व देना कोई आसान कार्य न रहा होगा। इसके लिए ये तमाम लघुकथाकार कृतज्ञ रहेंगे… सुकेश साहनी जी, रामेश्वर काम्बोज ”हिमांशु”जी तथा भूपाल सूद जी एवं अयन परिवार के।
‘लघुकथा : अनवरत चिन्तन और सजगता’ में संपादक द्वय की यह उक्ति ध्यातव्य है-‘लघुकथा गम्भीर विधा है। यह विधा न हड़बड़ाहट में लिखने की है,न बिना सोचे-समझे फेसबुक पर टिप्पणी करने की है।”संपादकीय में दी इन चंद हिदायतों को ही यदि नवोदित मान लें तो लघुकथा के मर्म को भलीभाँति समझने में समर्थ हो सकते हैं और प्रारंभिक पृष्ठों पर दी लघुकथा के वरिष्ठ एवं प्रतिष्ठित रचनाकारों की मानक लघुकथाएँ भी इन्हें दिशा-निर्देशित कर सही पथ दिखाएँगी। सर्व श्री बलराम अग्रवाल, मधुदीप ,कमल चोपड़ा,श्याम सुंदर अग्रवाल, सतीशराज पुष्करणा, सुभाष नीरव, डॉ. रामनिवास ”मानव” और स्वयं संपादक द्वय इत्यादि की लघुकथाएँ पठनीय हैं और सुखद यह है कि बिना किसी पक्षपात के प्रत्येक लघुकथाकार को सारस्वत परिचय सहित समान रूप से अवसर दिया गया हैं।
इस संग्रह में हर अंदाज़ और हर मिज़ाज़ की लघुकथाओं को समाहित किया गया है । वस्तुत: हमारे समाज देश जाति परिवेश के हर क्षेत्र का दर्पण है यह संकलन । जब भी लघुकथा साहित्य का वृहद् इतिहास लिखा जाएगा, इस सार्थक सुंदर पुस्तक की चर्चा सुनहरे अक्षरों में की जाएगी… यह मेरा अटल विश्वास है । अयन प्रकाशन और उभय संपादक श्रेष्ठ तथा संकलन के समग्र लघुकथाकारों को हृदय तल से बधाई एवं शुभेच्छा !
कमल कपूर
अध्यक्षा : नारी अभिव्यक्ति मंच ”पहचान” ( रजि.)
2144/9सेक्टर
फरीदाबाद-121-96हरियाणा
-0-

गतिविधियाँ

  • चर्चा में

    हरियाणा साहित्य-संगम में लघुकथा पर विचार -विमर्श( सुकेश साहनी और राम कुमार आत्रेय की भागीदारी ।)
    लघुकथा अनवरत-2017 का विश्व पुस्तक मेले में अयन प्रकाशन के स्टाल पर विमोचन।

  • सम्पर्क:-

    सुकेश साहनी

    185,उत्सव,महानगर पार्ट–2
    बरेली–243122 (उ.प्र.)

    sahnisukesh@gmail.com

    रामेश्वर काम्बोज ´हिमांशु´
    rdkamboj@gmail.com

    रचनाएँ भेजने के लिए पता-:-
    laghukatha89@gmail.com

    विशेष सूचना-:-
    पूर्व अनुमति के बिना लघुकथा डॉट कॉंम की सामग्री का उपयोग नहीं किया जा सकता ।

    -सम्पादक द्वय

Design by TemplateWorld and brought to you by SmashingMagazine