एक लड़के और एक लड़की की शादी हुई । बहुत खुश थे! स्टेज पर फोटो सेशन शुरू हुआ! दूल्हे ने अपने दोस्तों का परिचय साथ खड़ी अपनी साली से करवाया-‘‘ये है मेरी साली, आधी घरवाली।’’
दोस्त ठहाका मारकर हँस दिए!
दुल्हन मुस्कुराई और उसने भी अपने देवर का परिचय अपनी सहेलियों से करवाया-‘‘ये हैं मेरे देवर ,आधे पति परमेश्वर।’’
ये क्या हुआ… अविश्वसनीय …अकल्पनीय! भाई समान देवर के कान सुन्न हो गए! पति बेहोश होते होते बचा! दूल्हे, दूल्हे के दोस्तों, रिश्तेदारों सहित सबके चेहरे से मुस्कान गायब हो गई! लक्ष्मण रेखा नाम का एक गमला अचानक स्टेज से नीचे टपककर फूट गया! स्त्री की मर्यादा नाम की हेलोजन लाइट भक्क से फ्यूज हो गई!
थोड़ी देर बाद एक एम्बुलेंस तेजी से सड़कों पर भागती जा रही थी, जिसमें दो स्ट्रेचर थे!एक स्ट्रेचर पर भारतीय संस्कृति कोमा में पड़ी थी…शायद उसे अटैक पड़ गया था!
दूसरे स्ट्रेचर पर पुरुषवाद घायल अवस्था में पड़ा था…उसे किसी ने सर पर गहरी चोट मारी थी!
आसमान में अचानक एक तेज आवाज गूँजी …भारत की सारी स्त्रियाँ एक साथ ठहाका मारकर हँस पड़ी थीं!