जून 2026

देशचिन्ता     Posted: February 1, 2015

मनीषा के हाथों में बेटे का छठी कक्षा का रिपोर्ट कार्ड था। तीन विषयों में सी –ग्रेड देखकर पहले तो वह बेटे पर चिल्लाई ,बहुत गुस्सा किया, उसके बाद फूट–फूट कर रो पड़ी। प्रिया की बेटी के ग्रेडस देखो – हर विषय में ’ए’ ग्रेड मिली है। एक रोहन है – सारा दिन कम्प्यूटर गेम्स और वीडियो और टी.वी! मन होता है सब तोड़ के फेंक दो!पता नहीं जीवन में कुछ कर भी पायेगा या नहीं?इतने सपने सँजो रखें हैं इसे लेकर!
सारा दिन वह तनावग्रस्त रही। पता नही क्या होगा इस लड़के का! इसका भविष्य तो अंधकारमय है।
दूसरे दिन बाजार में उसकी एक पुरानी सहेली नीता एकाएक बाजार में मिल गई। लगभग पाँच साल बाद! घर–गृहस्थी के काम में दोनो ऐसे उलझी कि मिलना ही नही हुआ। दोनों एक दूसरे को देखकर–चहक उठी। नीता ने कहा –‘ चल , रेस्टोरेन्ट में चलकर काफी पीते है।’नीता के चेहरे पर संतोष और प्रसन्नता की झलक मनीषा को दिखाई दे रही थी।
बातों बातों में नीता ने मनीषा से पूछा – तू इतनी तनावग्रस्त क्यों दिख रही है? क्या हुआ?
मनीषा ने उदासी से बताया– क्या बताऊँ –‘ बेटा पढ़ता- लिखता ही नहीं है –तीन सब्जेक्ट्स में ‘सी ग्रेड’ आ गया है।
तेरे कितने बच्चे है –और क्या कर रहे हैं? मनीषा ने नीता से पूछा ।
नीता ने कहा– ‘‘मेरा एक ही बेटा है 10 साल का !मगर वह मानसिक रूप से विक्षिप्त है। हमारी बहुत कोशिशों और इलाज के बाद कल उसने पहली बार –मुझे ‘मम्मा’ कहा ! इसलिए मैं इतना खुश हूँ।’’
–0–

गतिविधियाँ

  • सम्पर्क:-

    सुकेश साहनी

    185,उत्सव,महानगर पार्ट–2
    बरेली–243122 (उ.प्र.)


    sahnisukesh@gmail.com

    रामेश्वर काम्बोज ´हिमांशु´

    रचनाएँ भेजने के लिए ई-मेल-:-

    laghukatha89@gmail.com

    विशेष सूचना-:-

    पूर्व अनुमति के बिना लघुकथा डॉट कॉंम की सामग्री का उपयोग नहीं किया जा सकता ।

    केवल स्वीकृत रचनाओं की ही सूचना दी जाती है।

    -सम्पादक द्वय

Design by TemplateWorld and brought to you by SmashingMagazine